
कृषि विश्वविद्यालय की रजत जयंती और स्थापना दिवस Publish Date : 07/10/2026
कृषि विश्वविद्यालय की रजत जयंती और स्थापना दिवस
सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में स्थापना दिवस एवं रजत जयंती महोत्सव के कार्यक्रमों में कॉलेज ऑफ बायोटेक्नोलॉजी के छात्रों का रहा दबदबा।
सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय मेरठ के विश्वविद्यालय स्थापना दिवस एवं रजत जयंती के भव्य समारोह में जैव प्रौद्योगिकी कॉलेज के विद्यार्थियों ने अपनी उत्कृष्ट प्रतिभा का परचम लहराया। विश्वविद्यालय स्तरीय सांस्कृतिक एवं साहित्यिक प्रतियोगिताओं में कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने अपनी कलात्मक क्षमता, बौद्धिक चातुर्य और बेहतरीन टीम वर्क का प्रदर्शन करते हुए विभिन्न स्पर्धाओं में शीर्ष स्थान प्राप्त किए और विश्वविद्यालय स्तर पर एक गौरवशाली स्थिति प्राप्त की।

विश्वविद्यालय स्तरीय इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में पधारे गणमान्य अतिथियों के द्वारा विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उनका मार्गदर्शन किया गया। इस अवसर पर माननीय कुलपति डॉ. त्रिवेणी दत्त ने अकादमिक अध्ययन और सह-पाठ्यचर्या गतिविधियों के बीच संतुलन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय स्तर के सांस्कृतिक मंच भावी वैज्ञानिकों और कृषि नेतृत्वकर्ताओं में सर्वांगीण नेतृत्व गुण, जुझारूपन और रचनात्मक सोच विकसित करने की असली प्रयोगशाला हैं।

इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. वी. पी. सिंह के द्वारा छात्रों को अनुशासित जीवन और चरित्र निर्माण पर ध्यान केंद्रित करने का मंत्र दिया गया। उन्होंने प्रतिभागियों के अथक प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे बड़े आयोजनों में सक्रिय भागीदारी से विद्यार्थियों में संस्थान के प्रति गर्व, स्वामित्व और आपसी तालमेल की भावना सुदृढ़ होती है।
अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. डी. के. सिंह ने विश्वविद्यालय के सभी कॉलेजों के विद्यार्थियों की प्रतिभा की मुक्त कंठ से सराहना की। उन्होंने युवाओं की सामूहिक ऊर्जा का उत्साहवर्धन करते हुए आश्वस्त किया कि विश्वविद्यालय वैज्ञानिक खोजों के साथ-साथ सांस्कृतिक और कलात्मक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए सदैव ही प्रतिबद्ध रहा है।

कॉलेज स्तर पर, डॉ. आर. एस. सेंगर, अधिष्ठाता जैव प्रौद्योगिकी महाविद्यालय ने जैव प्रौद्योगिकी के विद्यार्थियों की इस ऐतिहासिक सफलता पर गहरा हर्ष व्यक्त किया। उन्होंने विश्वविद्यालय स्तर पर कॉलेज का मान बढ़ाने के लिए छात्रों के परिश्रम की प्रशंसा की। इसके साथ ही, डॉ. सेंगर ने सांस्कृतिक सचिव डॉ. नीलेश कपूर का विशेष आभार व्यक्त भी किया और उनके कुशल मार्गदर्शन व निरंतर देखरेख की सराहना की, जिसकी बदौलत विद्यार्थियों ने यह स्वर्णिम सफलता प्राप्त की।
वहीं, सांस्कृतिक सचिव डॉ. नीलेश कपूर ने सभी विजेता और प्रतिभागी विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने छात्रों की सफलता को उनकी कड़ी मेहनत, अनुशासन और कलात्मक प्रतिभा का प्रतिफल बताया, जिसने भविष्य में आने वाले विद्यार्थियों के लिए एक नया मानक स्थापित किया है।