
अप्रत्याशित सवाल भी उलझा नहीं पाएंगे Publish Date : 09/11/2025
अप्रत्याशित सवाल भी उलझा नहीं पाएंगे
प्रोफेसर आर. एस. सेंगर
“आईएएस के इंटरव्यू से पहले मॉक इंटरव्यू का अनुभव व्यक्तित्व और संचार कौशल तो निखारेगा ही, जवाब देने का सलीका भी सिखाएगा”
यूपीएससी सिविल सेवा की मुख्य परीक्षा समाप्त हो चुकी है। इसमें सफल अभ्यर्थी ही परीक्षा के अगले और अंतिम चरण यानी साक्षात्कार में शामिल हो सकेंगे। जो छात्र अपनी सफलता को लेकर लगभग आश्वस्त हैं, उन्हें अभी से इंटरव्यू की तैयारी शुरू कर देनी चाहिए। किसी भी साक्षात्कार में सफलता पाने के लिए विषय पर अच्छी पकड़, अवधारणाओं और विचारों में स्पष्टता, अच्छा संचार कौशल तथा भाषा-शैली, उचित हाव-भाव और शारीरिक गतिविधि की आवश्यकता होती है।
ऐसे में मॉक इंटरव्यू उम्मीदवारों को वास्तविक साक्षात्कार के लिए तैयार करने में मदद करता है। मॉक इंटरव्यू उम्मीदवारों को अपने कमजोर पक्षों का आकलन करके उसमें सुधार करने का एक बेहतर तरीका है।
साक्षात्कार का पूर्वाभ्यास

अपने मॉक इंटरव्यू को ऐसे लें जैसे कि यह एक वास्तविक इंटरव्यू हो। यह आपको इंटरव्यू के लिएमानसिक, वैचारिक और भावनात्मक रूप से तैयार करता है। इससे दबाव कम होता है और आत्मविश्वास बढ़ता है। मुख्य साक्षात्कार में आपसे कुछ अप्रत्याशित प्रश्न पूछे जा सकते हैं, जिनकी उम्मीद शायद आपने न की हो। मॉक इंटरव्यू आपको ऐसे किसी भी प्रश्न का उत्तर देने में सक्षम बनाता है। साथ ही, परीक्षा कक्ष के अनुभव, बैठने और बातचीत करने का सलीका भी सिखाता है।
भावनाओं पर नियंत्रण
इंटरव्यू के समय इतना अधिक तनाव व दवाब रहता है कि कई प्रतियोगी अपना मूल स्वभावे ही खो देते हैं। चेहरे पर रहने वाली स्वाभाविक मुस्कान जैसे एकदम गायब हो जाती है। किसी प्रश्न का उत्तर न आने पर छात्र हड़बड़ाहट में गलत जवाब दे देते हैं। इससे दबाव और बढ़ जाता है। इसका प्रभाव पूरे साक्षात्कार पर पड़ सकता है। मॉक इंटरव्यू के जरिये आप अपनी भावनाओं पर नियंत्रण पा सकेंगे और ऐसी किसी भी स्थिति से निपटने में मानसिक व भावनात्मक रूप से तैयार हो पाएंगे।
टॉपिक से न भटकें
अक्सर साक्षात्कार के दौरान उत्तर देते समय छात्र मूल विषय से भटक जाते हैं, इससे साक्षत्कार लेने वालों के सामने छवि खराब हो सकती है। मॉक-इंटरव्यू से आप इस पर नियंत्रण करना और पूछे गए प्रश्नों के सटीक उत्तर देने का कौशल सीख सकते हैं। इसका सीधा लाभ साक्षात्कार में भी मिलता है। इसके अलावा मॉक इंटरव्यूआत्म-मूल्यांकन के लिए सिद्ध और कारगर उपकरण के रूप में काम करते हैं।
व्यवहार-आधारित स्टार-विधि
मॉक इंटरव्यू एक बेहतरीन रणनीति है, जो संचार कौशल को निखारने और जवाब को बेहतरीन तरीके से प्रस्तुत करने की कला सिखाता है। मॉक इंटरव्यू व्यवहार संबंधी प्रश्नों के लिए स्टार-विधि प्रतिक्रियाएं देने में भी सक्षम 'बनाता है। स्टार-विधि व्यवहार-आधारित साक्षात्कार प्रश्न का उत्तर देने का एक रणनीतिक तरीका है, जिसमें कोई भी इन्सान स्थिति के आधार पर कार्य, कार्रवाई और परिणाम पर चर्चा कर सकता है। किसी अच्छे संस्थान के मॉक इंटरव्यू में भाग लेना सुनिश्चित करें। यदि यह संभव न हो सके, तो शीशे के सामने बैठकर भी अभ्यास किया जा सकता है।

लेखकः डॉ0 आर. एस. सेंगर, निदेशक ट्रेनिंग और प्लेसमेंट, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय मेरठ।
