कंधे और गर्दन के लिए योगाभ्यास      Publish Date : 05/05/2026

             कंधे और गर्दन के लिए योगाभ्यास

                                                                                                                      डॉ0 सुशील शर्मा एवं मुकेश शर्मा

सर्वाइकल या स्पॉडिलाइटिस जैसी समस्याओं में अक्सर गर्दन और कंधों का संतुलन बिगड़ जाता है। लंबे समय तक गलत तरीके से बैठने, कंप्यूटर या मोबाइल का अधिक उपयोग करने और शारीरिक गतिविधि की कमी के कारण यह समस्या तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में गर्दन और ऊपरी कमर आगे की ओर झुकने लगती है और कंधों की स्थिति भी असंतुलित हो जाती है।

यदि इस स्थिति पर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो धीरे-धीरे शरीर में झुकाव या कुबड़ जैसी स्थिति भी बनने लगती है। गर्दन और कंधों के इस असंतुलन को ठीक करने के लिए कुछ सरल अभ्यास बहुत मददगार साबित हो सकते हैं।

                                     

इसके लिए सबसे पहले किसी खुले स्थान पर सम स्थिति में खड़े हो जाएं। अपने दोनों पैरों के बीच थोड़ा अंतर रखें, ताकि शरीर का संतुलन बना रहे। अब अपने दोनों हाथों को पीछे की ओर ले जाकर उंगलियों को आपस में जोड़ लें। इसके बाद धीरे-धीरे हाथों को पीछे की ओर खींचते हुए ऊपर उठाने का प्रयास करें। इस खिंचाव की स्थिति में लगभग एक मिनट तक बने रहें।

इससे कंधों, गर्दन और ऊपरी पीठ की मांसपेशियों में अच्छा खिंचाव आता है और रक्त संचार बेहतर होता है। यह अभ्यास विशेष रूप से उन लोगों के लिए बहुत लाभकारी है, जो लंबे समय तक कंप्यूटर या लैपटॉप पर काम करते हैं, मोबाइल फोन देखते समय कई घंटों तक एक ही स्थिति में बैठे रहते हैं। लोगों में अक्सर गर्दन और कंधों में जकड़न, दर्द और थकान की समस्या देखी जाती हैं।

लेखकः डॉ0 सुशील शर्मा, जिला मेरठ के कंकर खेड़ा क्षेत्र में पिछले तीस वर्षों से अधिक समय से एक सफल आयुर्वेदिक चिकित्सक के रूप में प्रक्टिस कर रहे हैं।