
शरीर के लिए जरूरी है मैग्नीशियम Publish Date : 15/07/2026
शरीर के लिए जरूरी है मैग्नीशियम
डॉ0 दिव्यांशु सेंगर एवं मुकेश शर्मा
मैग्नीशियम शरीर के लिए एक बेहद जरूरी पोषक तत्व है। यह हड्डियों, मांसपेशियों और नसों के लिए बेहद जरूरी होता है। इसकी कमी से शरीर में कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं शुरू हो सकती हैं। इसलिए मैग्नीशियम की पूर्ति करना जरूरी है।
मैग्नीशियम शरीर के लिए जरूरी मिनरल में से एक है। यह हड्डियों, नसों, मांसपेशियों और दिल के कामकाज के साथ 300 से अधिक जरूरी शारीरिक प्रक्रियाओं में अहम भूमिका निभाता है। यह बीपी, शुगर और हार्ट हेल्थ के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है। यह शरीर के कई जरूरी कार्यों के लिए जिम्मेदार होता है। यह पोषक तत्व कई खाद्य पदार्थों जैसे- कद्दू के बीज, बादाम, काजू, मूंगफली, पालक, सोया प्रोडक्ट्स, एवोकाडो, साबुत अनाज, केला और बीन्स आदि में पाया जाता है।

आप इसकी कमी को पूरा करने के लिए इन फूड्स को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। लेकिन, जब शरीर में जरूरत से ज्यादा मैग्नीशियम की कमी हो जाती है तो इस स्थिति में डॉक्टर इसका सप्लीमेंट लेने की सलाह दे सकते हैं। यह सप्लीमेंट क्यों जरूरी है और इसकी कमी से क्या होता है, आइए लेख में डॉ0 दिव्यांशु सेंगर से जानते हैं मैग्नीश्यिम हमारे शरीर के लिए क्यों जरूरी होता है और इसकी कमी के क्या लक्षण होते हैं-
मैग्नीशियम शरीर के लिए क्यों जरूरी होता है? National Institute of Health (NIH) के अनुसार, मैग्नीशियम शरीर में विभिन्न आवश्यक कार्यों के लिए जिम्मेदार होता है। जैसे-
- मैग्नीशियम मांसपेशियों और नसों के लिए जरूरी होता है। मैग्नीशियम मसल्स और नसों को सही तरीके से काम कराने में मदद करता है।
- सिर्फ विटामिन डी या कैल्शियम ही नहीं, हड्डियों के लिए मैग्नीशियम की जरूरत भी होती है।
- मैग्नीशियम हार्ट हेल्थ के लिए जरूरी होता है। यह हाई बीपी और शुगर को कंट्रोल में रखने में मदद करता है।
- दिल की धड़कन को सामान्य बनाए रखने के लिए भी मैग्नीशियम की जरूरत होती है।
- मैग्नीशियम शरीर में डीएनए और ऊर्जा बनाने की प्रक्रिया के लिए भी जरूरी होता है।
मैग्नीशियम की कमी होने पर क्या होता है?
जब शरीर में मैग्नीशियम की कमी होती है, तो कई तरह की दिक्कतें हो सकती हैं। जैसे-
मैग्नीशियम के लक्षण
- मैग्नीशियम की कमी भूख को प्रभावित कर सकती है। इससे भूख कम लगना शुरू हो सकता है।
- शरीर में मैग्नीशियम की कमी से व्यक्ति को थकान और कमजोरी का अनुभव हो सकता है। इससे शरीर में ऊर्जा की कमी होने लगती है।
- हर समय मतली और उल्टी जैसा महसूस होना भी मैग्नीशियम की कमी का लक्षण हो सकता है। हालांकि, यह सिर्फ मैग्नीशियम की कमी से जुड़ा हुआ नहीं है। कई अन्य कारणों से भी उल्टी या जी मिचलाने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
- मैग्नीशियम, मांसपेशियों और नसों के लिए जरूरी होता है। शरीर में इस पोषक तत्व की कमी से ऐंठन और खिंचाव महसूस हो सकता है।
- मैग्नीशियम की कमी से हाथ-पैरों में सुन्नपन और झुनझुनी महसूस हो सकती है। अगर ये संकेत नजर आए, तो आप मैग्नीशियम की जांच जरूर कराएं।
- हार्ट हेल्थ के लिए मैग्नीशियम आवश्यक होता है। इसकी कमी से दिल की धड़कन अनियमित हो सकती है।
मैग्नीशियम की रोजाना कितनी जरूरत होती है?

NIH के अनुसार, मैग्नीशियम की जरूरत उम्र के हिसाब से अलग-अलग हो सकती है।
- 14-18 वर्ष के यूवाओ को 410MG मैग्नीशियम की जरूरत होती है।
- इससे ज्यादा उम्र के पुरुषों को 420MG मैग्नीशियम की जरूरत पड़ सकती है।
- वहीं, 14-18 वर्ष की लड़कियों को 360MG मैग्नीशियम की जरूरत पड़ती है।
- इससे अधिक उम्र वाली महिलाओं के लिए रोजाना 320MG मैग्नीशियम लेना जरूरी माना जाता है।
- प्रेग्नेंट महिलाओं को 350-360MG की जरूरत होती है।
मैग्नीशियम शरीर के लिए एक बेहद जरूरी मिनरल में से एक है। यह मांसपेशियों, नसों और हड्डियों की सेहत के लिए बहुत जरूरी होता है। अगर आपको लंबे समय से थकान, मांसपेशियों में ऐंठन या कमजोरी जैसे लक्षण दिखाई दे तो इनकी अनदेखी बिल्कुल न करें। इस स्थिति में एक बार डॉक्टर से मिलकर मैग्नीशियम की जांच कराएं। अपनी बैलेंस्ड डाइट लें और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह पर मैग्नीशियम सप्लीमेंट लिया जा सकता है।

लेखक: डॉ0 दिव्यांशु सेंगर, प्यारे लाल शर्मां, जिला चिकित्सालय मेरठ मे मेडिकल ऑफिसर हैं।
