उम्र के अनुसार सामान्य ब्लड शुगर लेवल      Publish Date : 05/02/2026

              उम्र के अनुसार सामान्य ब्लड शुगर लेवल

                                                                                                                                             डॉ0 दिव्यांशु सेंगर एवं मुकेश शर्मा

ऐसे लोग, जिन्हें डायबिटीज नहीं है, उनके लिए सामान्य फास्टिंग ब्लड शुगर लेवल 70 और 99 mg/dL के बीच होना चाहिए-

वर्तमान समय मं केवल हमारे देश में ही नहीं, बल्कि दुनिया भर में डायबिटीज के मरीजों की संख्या बहुत तेजी के साथ बढ़ रही है। डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है जो पूरे शरीर को प्रभावित करती है। यह प्रत्येक ऑर्गन फंक्शन को कुप्रभावित करती है। डायबिटीज के मरीजों को दवा के साथ-साथ कई नियमों का पालन करना भी आवश्यक है। डायबिटीज के मरीजों को अपने खान-पान पर भी पूरा ध्यान देना होता है।

वैसे भी डायबिटीज को पूरी तरह से ठीक नहीं किया जा सकता, लेकिन सही लाइफस्टाइल अपनाकर इसे कंट्रोल कर मैनेज किया जा सकता है। एक बैलेंस डाइट, रेगुलर एक्सरसाइज और दवाओं या इंसुलिन को समय पर लेना इसके मैनेजमेंट के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसके अलावा, स्ट्रेस के स्तर को कम करना और रेगुलर जांच करवानी भी उतनी ही जरूरी होती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस बीमारी के लिए शरीर में ब्लड शुगर के लेवल को नियंत्रित करना बहुत जरूरी होता है. हालांकि, आम आदमी को अक्सर नॉर्मल ब्लड शुगर के लेवल का पता नहीं होता, इसलिए वह अक्सर इसे अनदेखा कर देते हैं।

                                                          

हालांकि, डॉक्टर हम सभी को एक निश्चित उम्र के बाद नियमित रूप से अपने ब्लड शुगर के लेवल की नियमित जांच करने की सलाह देते हैं। हालांकि, स्वस्थ रहने के लिए सही ब्लड शुगर के लेवल का सभी को पता होना भी बहुत जरूरी होता है।

ब्लड शुगर क्या है?

ब्लड शुगर का लेवल आपके खून में ग्लूकोज की मात्रा को दर्शाता है। ग्लूकोज एक प्रकार की शुगर है जो चावल, रोटी, फल या मिठाई जैसे खाद्य पदार्थों में पाया जाता है। यह शरीर की कोशिकाओं को एनर्जी देता है, ठीक वैसे ही जैसे गैसोलीन किसी वाहन को एनर्जी देता है। इसे मिलीग्राम प्रति डेसीलीटर (mg/dL) में मापा जाता है. जबकि मॉडर्न टेक्नोलॉजी ने इसकी जांच को और भी आसान बना दिया है।

शरीर में ब्लड शुगर कैसे काम करता है?

शरीर में ब्लड शुगर का काम एनर्जी देना है। यह भोजन से आता है, जो पचने के बाद ग्लूकोज में बदल जाता है और ब्लड फ्लो में चला जाता है। अग्न्याशय इस शुगर को नियंत्रित करने के लिए इंसुलिन नामक हॉर्मोन छोड़ता है। इंसुलिन कोशिकाओं को एनर्जी के लिए खून से शुगर लेने में मदद करता है, जिससे ब्लड शुगर का स्तर सामान्य रहता है। यदि इंसुलिन का उत्पादन कम मात्रा में होता है या शरीर इसका उचित उपयोग नहीं कर पाता है, तो ब्लड शुगर का स्तर बढ़ जाता है। इससे टाइप 2 डायबिटीज होता है, जो भारत में डायबिटीज के 90 फीसदी मामलों के लिए जिम्मेदार है।

कई अध्ययन से पता चलता है कि लाइफस्टाइ रिलेटेड फैक्टर्स, जैसे अपर्याप्त व्यायाम, तनाव या खराब आहार, इसके लिए अधिक जिम्मेदार कारक होते हैं।

मरीजों को शुगर की जांच कब करनी चाहिए?

हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, ब्लड शुगर के लेवल की जांच तीन तरीकों से की जा सकती है-

  • सुबह खाना खाने से पहले,
  • खाने के एक से दो घंटे बाद,
  • रात को सोने से पहले

नॉर्मल ब्लड शुगर का लेवल (बिना डायबिटीज वाले)

                                                          

जिन लोगों को डायबिटीज नहीं है, उनके लिए सामान्य फास्टिंग ब्लड शुगर लेवल 70 और 99 mg/dL के बीच होना चाहिए। इस सीमा से अधिक होने पर प्रीडायबिटीज का संकेत हो सकता है, जबकि इससे अधिक लेवल डायबिटीज से ग्रस्त होने का संकेत हो सकता है। हालांकि, खाने के दो घंटे बाद 140 मिलीग्राम/डीएल से कम रब्लड शुगर लेवल सामान्य माना जाता है। इस स्तर को नॉर्मल पोस्ट-मील ब्लड शुगर लेवल कहा जाता है और यह दर्शाता है कि आपका शरीर ब्लड शुगर को प्रभावी ढंग से कंट्रोल कर रहा है. वहीं, अगर यह लेवल 140 और 199 mg/dL के बीच है, तो यह प्री-डायबिटीज का संकेत हो सकता है और अगर यह 200 mg/dL से भी अधिक है, तो यह डायबिटीज होने का संकेत हो सकता है।

उम्र के हिसाब से ब्लड शुगर लेवल

  • 6 साल के बच्चे का फास्टिंग शुगर लेवल 80 से 180 mg/dL के बीच होना चाहिए, खाने से पहले यह 90 से 180 mg/dL हो सकता है। भोजन करने के बाद शुगर लेवल 140 mg/dL होना चाहिए या रात में यह 100 से 180 mg/dL हो सकता है।
  • 13 से 19 वर्ष की आयु के लोगों में सामान्य फास्टिंग ब्लड शुगर लेवल 70 से 150 mg/dL है। भोजन से पहले, ब्लड शुगर लेवल 90 और 120 mg/dL के बीच होना चाहिए और भोजन के 2 घंटे बाद, ब्लड शुगर लेवल 140 mg/dL से कम होना चाहिए। इसके अलावा, सोते समय ब्लड शुगर लेवल 90 और 150 mg/dL के बीच होना चाहिए।
  • 20 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों में, फास्टिंग ब्लड शुगर लेवल 100 mg/dL से कम होना चाहिए, जबकि भोजन से पहले ब्लड शुगर लेवल 70 और 130 mg/dL के बीच होना चाहिए। इसके अलावा, भोजन के 2 घंटे बाद यह 180 mg/dL से कम होना चाहिए।
  • 65 वर्ष से अधिक आयु के लोगों में, फास्टिंग के दौरान ब्लड शुगर लेवल 90 से 130 mg/dL के बीच होना चाहिए, जबकि सोते समय ब्लड शुगर लेवल 150 mg/dL से अधिक नहीं होना चाहिए। जीवनशैली में बदलाव और दवाएं लेकर डायबिटीज को कंट्रोल किया जा सकता है। टाइप 2 डायबिटीज में कुछ घरेलू उपाय भी उपयोगी होते हैं।

लेखक: डॉ0 दिव्यांशु सेंगर, प्यारे लाल शर्मां, जिला चिकित्सालय मेरठ मे मेडिकल ऑफिसर हैं।