
कृषि विश्वविद्यालय के CIR के तत्वावधान में अतरराष्ट्रीय शक्षैणिक संवाद का आयोजन किया गया Publish Date : 27/02/2026
कृषि विश्वविद्यालय के CIR के तत्वावधान में अतरराष्ट्रीय शक्षैणिक संवाद का आयोजन किया गया
Sardar Vallabhbhai Patel University of Agriculture and Technology (SVPUA&T) ने अतरराष्ट्रीय संबंध केंद्र (CIR) के तत्वावधान में अतरराष्ट्रीय शक्षैणिक संवाद आयोजित किया। Sardar Vallabhbhai Patel University of Agriculture and Technology (SVPUAT), मेरठ ने अपने नव स्थापित अतरराष्ट्रीय संबंध केंद्र (Centre for International Relations–CIR) के तत्वावधान में जापान के प्रख्यात विश्वविद्यालयों के प्राध्यापकों के साथ अतरराष्ट्रीय शक्षैणिक संवाद आयोजित कर वैश्विक शक्षैणिक सहभागिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की।

कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति Prof. Triveni Dutt ने की। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता, निदेशकगण, प्राध्यापक, शोधार्थी (पीजी एवं पीएच.डी.) बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के मख्यु वक्ता थे Prof. Matsuno Yutaka, प्रोफेसर, पर्यावरण प्रबंधन, कृषि महाविद्यालय, Kindai University (जापान) तथा Prof. Noda Keigi, प्रोफेसर, जविैक एवं पर्यावरण अभियांत्रिकी। कार्यक्रम का समन्वयन डॉ. पुष्पेन्द्र सिहं, एसोसिएट प्रोफेसर एवं स्टडी इन इंडिया (SII) कार्यक्रम के अनुपालन अधिकारी द्वारा किया गया।
अपने स्वागत उद्बोधन में कुलपति प्रो. त्रिवेणी दत्त ने विश्वविद्यालय की शक्षैणिक उत्कृष्टता, अनुपालन उपलब्धियों एवं प्रसार गतिविधियों का परिचय देते हुए जापान के अग्रणी विश्वविद्यालयों के साथ सहयोग स्थापित करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। प्रो. मात्सनो और प्रो. नोदा ने उन्नत जल संसाधन प्रबंधन रणनीतियों, प्रिसीजन एग्रीकल्चर तकनीकों तथा सतत कृषि प्रणालियों हेतु कृत्रिम बुद्विमतता (AI) आधारित नवाचारों पर व्याख्यान प्रस्तुत किए। उन्होंने कृषि एवंजल प्रबंधन में सचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) की महत्वपूर्ण भमिूका पर प्रकाश डाला तथा कृषि क्षेत्र में AI एवं मशीन लर्निंग (ML) के अनुप्रयोगों की उपयोगिता को रेखांकित किया।

आगंतकु प्रोफेसरों ने निकट भविष्य में संयक्तु शक्षैणिक एवं अनुसंधान सहयोग स्थापित करने में गहरी रुचि व्यक्त की। माननीय कुलपति ने आशा व्यक्त की कि यह संवाद SVPUAT, The University of Tokyo तथा Kindai University के मध्य दीर्घकार्घलिक सहयोग का मार्ग प्रशस्त करेगा तथा विश्वविद्यालय की वैश्विक पहचान को सुदृढ़ करेगा। यह पहल भारत की National Education Policy 2020 के उद्देश्यों के अनरूपु है। अतरराष्ट्रीय संबंध केंद्र के निदेशक प्रो. डॉ. पुष्पेन्द्र कुमार ने कृषि एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में इन विश्वविद्यालयों के साथ ट्रेनिंग कार्यक्रम प्रारंभ करने का प्रस्ताव रखा।
साथ ही उन्होंने अतिथि प्राध्यापकों को एडजंक्ट/विजिटिगं प्रोफेसर के रूप में आमंत्रित करने तथा शिक्षक एवं छात्र विनिमय कार्यक्रम प्रारंभ करने की भी पहल सुझाई। कार्यक्रम के अतं में डॉ. हर्ष पंवार, एसोसिएट निदेशक, CIR ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्ततु करते हुए विशिष्ट अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया तथा विश्वविद्यालय की अतरराष्ट्रीय शक्षैणिक उत्कृष्टता के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः दोहराया।
