सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) की भूमिका पर एक दिवसीय वेबिनार आयोजित      Publish Date : 28/01/2026

सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) की भूमिका पर एक दिवसीय वेबिनार आयोजित

सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्विद्यालय, मेरठ में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत डिजिटल एम्पावरमेंट एवं ऑनलाइन एजुकेशन विषय पर 28 जनवरी 2026 को “टीचिंग एंड लर्निंग” में सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (ICT) की भूमिका” पर एक दिवसीय वेबिनार का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. श्वेता यादव, सदस्य, राष्ट्रीय शिक्षा नीति समिति, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मेरठ द्वारा स्वागत भाषण से हुई।

कार्यक्रम में डॉ. अर्चना आर्य, राष्ट्रीय शिक्षा नीति समन्वयक ने उद्घाटन वक्तव्य देते हुए डिजिटल शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। डॉ. विवेक धामा, डीन, कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर ने ICT आधारित शिक्षण की वर्तमान आवश्यकता पर अपने विचार साझा किए।

तकनीकी सत्रों में प्रो. एम. मोनी, पूर्व महानिदेशक, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र, भारत सरकार ने कृषि एवं खाद्य प्रणाली के डिजिटल रूपांतरण विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने बताया कि डिजिटल तकनीक, डेटा एनालिटिक्स, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, ई-गवर्नेंस एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से कृषि उत्पादन, आपूर्ति श्रृंखला, बाजार संपर्क तथा खाद्य सुरक्षा को अधिक प्रभावी एवं पारदर्शी बनाया जा सकता है। उन्होंने किसानों को तकनीक से जोड़ने तथा स्मार्ट एग्री कल्चर को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया।

डॉ. शशिद हिया, प्रोफेसर, भारतीय कृषि सांख्यिकी अनुसंधान संस्थान, नई दिल्ली ने शिक्षा एवं अनुसंधान की गुणवत्ता बढ़ाने में  डिजिटल टूल्स की भूमिका पर चर्चा की। डॉ. सत्यप्रकाश ने शोध प्रकाशन में नैतिकता विषय पर मार्गदर्शन प्रदान किया, जबकि डॉ. के. वी. राव ने कृषि ई-प्लेटफॉर्म्स से संबंधित जानकारी साझा की।

कार्यक्रम का समापन डॉ. श्वेता यादव द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। वेबिनार शिक्षकों, शोधकर्ताओं एवं विद्यार्थियों के लिए अत्यंत  उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक रहा।