गन्ने की किस्म किस्म Co.Sha.-18231      Publish Date : 16/03/2026

  गन्ने की किस्म किस्म Co.Sha.-18231

                                                                                         प्रोफेसर आर. एस. सेंगर एवं अन्य

गन्ना किसानों के लिए एक नई उम्मीद की किरण बनकर सामने आई है गन्ने की किस्म Co.Sha.(को.शा.)-18231: इस किस्म को उत्तर प्रदेश गन्ना शोध परिषद, शाहजहाँपुर के द्वारा विकसित किया गया है।

कब आई यह किस्म?

                        

गन्ने की इस किस्म को मुख्य रूप से वर्ष 2022 के अंत में राज्य किस्म स्वीकृति समिति के द्वारा गन्ने की व्यावसायिक खेती के लिए अनुमोदित किया गया था। वर्ष 2023 से इस किस्म को गन्ना किसानों को खेती करने के लिए बड़े पैमाने पर उपलब्ध कराया दिया गया है, ताकि पुरानी किस्मों (जैसे सी.ओ. 0238) में लग रही बीमारियों का समाधान निकाला जा सके।

शानदार पैदावार और वजनः

गन्न की इस किस्म की सबसे बड़ी विशेषता, इसकी मोटाई और ठोसपन है। इस किस्म के गन्ने की पोरियाँ लंबी होती हैं, जिससे गन्ने की ऊँचाई अच्छी निकलती है। औसतन यह किस्म 900 से 1000 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक की पैदावार देने की क्षमता रखती है।

बीमारियों से लोहा लेने की शक्तिः

आजकल गन्ने की विभिन्न किस्मों में ‘लाल सड़न’ (Red Rot) की बीमारी गन्ना किसानों के लिए विशेष रूप सिरदर्द और परेशानी का सबब बनी हुई है।

  • ऐसे समय में गन्ने की किस्म Co.Sha. 18231 इस बीमारी के प्रति अत्यधिक प्रतिरोधी साबित हुई है।
  • इसके साथ ही इस किस्म में अन्य कीटों का हमला भी कम देखा गया है, जिससे कीटनाशकों पर होने वाला खर्च भी कम हो जाता है।

चीनी मिलों की बनी पहली पसंदः

                            

Co.Sha. 18231 एक अगेती किस्म है, जो जल्दी पककर तैयार हो जाती है। इस किस्म में चीनी की मात्रा लगभग 11.89 प्रतिशत तक है, जो कि इस किस्म को किसानों और चीनी मिल दोनों के लिए ही एक मुनाफे का सौदा बनाती है।

देखने में पहचानः

  • पत्तियाँ: गन्ने की इस किस्म की पत्तियाँ चौड़ी और गहरे हरे रंग की होती हैं।
  • गन्नाः इस किस्म का गन्ना हल्का पीलापन लिए हुए सफेद रंग का और काफी वजनदार होता है।
  • आंखें: इस किस्म के गन्ने की आंखें हल्की नुकीली होती हैं, जो इसकी शुद्धता की विशेष पहचान हैं।

किस्म की खेती के लिए विशेष सुझावः

  • समयः इस किस्म के गन्ने की बुवाई करने के लिए अक्टूबर या फरवरी-मार्च के महीनों में करना सबसे अच्छा रहता है।
  • गन्ने की बंधाईः गन्ना भारी और लंबा होने के कारण इस किस्म के गन्ने का गिरने का डर अधिक रहता है, इसलिए इसकी 2 से 3 बार बंधाई आवश्यक रूप से करनी चाहिए।

यदि आप एक ऐसी किस्म की बुवाई करना चाहते हैं जो वजन में भारी हो और जिसमें बीमारियां भी न लगें, तो 18231 आपके खेत के लिए एक बेहतरीन किस्म का चुनाव है।

लेखकः डॉ0 आर. एस. सेंगर, निदेशक ट्रेनिंग और प्लेसमेंट, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय मेरठ।