फसल बीमा प्रक्रिया हुई आसान, अब दिवंगत किसानों के क्लेम का होगा त्वरित भुगतान      Publish Date : 10/06/2026

फसल बीमा प्रक्रिया हुई आसान, अब दिवंगत किसानों के क्लेम का होगा त्वरित भुगतान

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत दिवंगत किसानों के लंबित बीमा दावों के निस्तारण की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए राज्य सरकार ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। नई व्यवस्था के तहत अब दिवंगत बीमित किसानों के वारिसों को फसल बीमा क्लेम प्राप्त करने के लिए हर मामले में न्यायालय से उत्तराधिकारी प्रमाण पत्र लाने की अनिवार्यता नहीं होगी। इससे हजारों किसान परिवारों को राहत मिलने के साथ लंबित दावों का त्वरित निपटारा संभव हो सकेगा।

कृषि आयुक्त नरेश कुमार गोयल ने बताया कि फसल बीमा की पूर्व व्यवस्था के अनुसार बीमित किसान की मृत्यु होने पर उसके वारिसों को बीमा राशि प्राप्त करने के लिए न्यायालय से उत्तराधिकारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक था। यह प्रक्रिया जटिल और समय लेने वाली होने के कारण अनेक किसान परिवार बीमा क्लेम प्राप्त नहीं कर पा रहे थे, जबकि बड़ी संख्या में दावे लंबे समय से लंबित पड़े थे।

मनोनीत सदस्य को मिलेगा सीधा भुगतान

नई व्यवस्था के तहत यदि राष्ट्रीय फसल बीमा पोर्टल पर बीमित किसान ने अपने किसी पारिवारिक सदस्य को मनोनीत किया है, तो बीमा दावा राशि का भुगतान सीधे उसी मनोनीत सदस्य को किया जाएगा। इससे क्लेम प्रक्रिया तेज और सरल बनेगी।

वारिसनामा या पारिवारिक सहमति भी होगी मान्य

ऐसे दावे जिनमें कोई मनोनयन उपलब्ध नहीं है, वहां बीमा दावा राशि का भुगतान न्यायालय द्वारा जारी उत्तराधिकार प्रमाण पत्र, तहसीलदार या पटवारी द्वारा जारी वारिसनामा अथवा परिवार के सभी सदस्यों की सहमति से अधिकृत किसी एक सदस्य को किया जा सकेगा।

कृषि विभाग के अनुसार जिन मामलों में पारिवारिक विवाद नहीं है, वहां उत्तराधिकार प्रमाण पत्र या वारिसनामा की अनिवार्यता भी नहीं होगी। यदि परिवार के सभी सदस्य 50 रुपये के नोटरी स्टाम्प पर शपथ पत्र देकर किसी एक सदस्य को दावा राशि प्राप्त करने के लिए अधिकृत करते हैं, तो बीमा कंपनी सीधे उसके बैंक खाते में राशि जमा कर सकेगी।

कम दस्तावेजों में मिलेगा लाभ

फसल बीमा क्लेम प्राप्त करने के लिए अब मृत्यु प्रमाण पत्र, पारिवारिक सहमति शपथ पत्र, बैंक खाते की प्रति या रद्द चेक तथा आधार कार्ड की प्रति जैसे दस्तावेज पर्याप्त माने जाएंगे। इससे किसान परिवारों को अनावश्यक औपचारिकताओं से राहत मिलेगी।

लंबित दावों का होगा त्वरित निस्तारण

कृषि विभाग ने सभी अधिसूचित बीमा कंपनियों को निर्देश दिए हैं कि दिवंगत किसानों के लंबित फसल बीमा दावों का मानवीय संवेदनशीलता के साथ प्राथमिकता से निस्तारण किया जाए। विभाग का मानना है कि इस फैसले से लंबे समय से लंबित बड़ी संख्या में दावों का शीघ्र भुगतान संभव होगा और प्रभावित परिवारों को समय पर आर्थिक सहायता मिल सकेगी।

किसान परिवारों को मिलेगी बड़ी राहत

राज्य सरकार का मानना है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को प्राकृतिक आपदाओं, ओलावृष्टि, चक्रवाती वर्षा और अन्य कारणों से होने वाले फसल नुकसान के दौरान आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद दिवंगत किसानों के परिवारों को बीमा राशि प्राप्त करने में आने वाली परेशानियां कम होंगी और उन्हें समय पर राहत मिल सकेगी।

उल्लेखनीय है कि कृषि मंत्रालय द्वारा भी इस पहल की सराहना की गई है। माना जा रहा है कि नई व्यवस्था से हजारों किसान परिवारों को सीधे लाभ मिलेगा और फसल बीमा योजना का उद्देश्य अधिक प्रभावी ढंग से पूरा हो सकेगा।